इंग्लिश ग्रामर ने नहीं बढ़ाई टेंशन, पैसेज ने रोके कदम; कड़ी निगरानी में शुरू हुई हरियाणा बोर्ड परीक्षाएं
हरियाणा बोर्ड की 12वीं इंग्लिश परीक्षा कड़ी निगरानी में संपन्न हुई। ग्रामर सेक्शन आसान रहा जबकि कुछ छात्र पैसेज में उलझे। प्रदेशभर में 1431 केंद्रों पर 5.66 लाख से अधिक विद्यार्थियों ने परीक्षा दी और 320 उड़नदस्ते तैनात रहे।
■ हरियाणा बोर्ड 12वीं इंग्लिश परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न
■ ग्रामर आसान, पैसेज में उलझे कुछ विद्यार्थी
■ 1431 केंद्रों पर 5.66 लाख परीक्षार्थी, 320 उड़नदस्ते तैनात
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की वार्षिक परीक्षाएं बुधवार से कड़ी निगरानी के बीच शुरू हो गईं। पहले दिन 12वीं कक्षा का इंग्लिश का पेपर आयोजित किया गया। दोपहर 12:30 बजे से शुरू हुई परीक्षा शाम 3:30 बजे तक चली। परीक्षा समाप्त होते ही छात्र-छात्राएं केंद्रों से बाहर निकले और पेपर को लेकर राहत भरी प्रतिक्रियाएं सामने आईं। अधिकांश विद्यार्थियों ने कहा कि पेपर सिलेबस आधारित और संतुलित रहा, हालांकि पैसेज वाले प्रश्नों में कुछ को समय और समझ की चुनौती महसूस हुई।
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की ओर से इस बार प्रदेशभर में 1431 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। कुल 5 लाख 66 हजार 411 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं, जिनमें 2 लाख 96 हजार 593 छात्र और 2 लाख 69 हजार 818 छात्राएं शामिल हैं। 12वीं में 2 लाख 70 हजार 663 तथा 10वीं में 2 लाख 95 हजार 748 विद्यार्थी परीक्षा दे रहे हैं। इसके अलावा डीएलएड (री-अपीयर) परीक्षा में 5 हजार 356 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। पिछले वर्ष 4 लाख 65 हजार 327 विद्यार्थियों ने बोर्ड परीक्षा दी थी, जबकि इस बार संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।
भिवानी स्थित परीक्षा केंद्रों पर स्वयं बोर्ड अध्यक्ष प्रो. पवन कुमार ने निरीक्षण किया और छात्रों की एंट्री से पहले चेकिंग प्रक्रिया देखी। केंद्रों पर आधा घंटा पहले प्रवेश दिया गया ताकि व्यवस्थाएं सुचारु रहें और भीड़ न हो। कई केंद्रों पर छात्रों की सघन तलाशी ली गई। मोबाइल, स्मार्ट वॉच, कैलकुलेटर जैसे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित रहे। एडमिट कार्ड पर अंकित दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराया गया।
विद्यार्थियों ने बताया कि ग्रामर सेक्शन औसत से आसान रहा और अधिकतर प्रश्न पाठ्यक्रम से ही पूछे गए। रेवाड़ी और फरीदाबाद जैसे जिलों से बाहर निकलते छात्रों ने कहा कि तैयारी के अनुरूप पेपर रहा। हालांकि कुछ विद्यार्थियों ने माना कि रीडिंग पैसेज में भाषा की जटिलता के कारण समय अधिक लगा और यहीं सबसे ज्यादा उलझन हुई।
उधर नूंह जिले में परीक्षा के दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए। परीक्षा केंद्रों के आसपास धारा-163 लागू रही और एग्जाम टाइम के दौरान दुकानों को बंद कराया गया। नकल रोकने के लिए भारी पुलिस बल तैनात रहा। प्रदेशभर में 320 उड़नदस्तों की टीम सक्रिय रही, जिनमें बोर्ड अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव, जिला स्तरीय टीमें, एसटीएफ और रैपिड एक्शन फोर्स शामिल रहे। इन टीमों ने औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
बोर्ड अधिकारियों के अनुसार परीक्षा शांतिपूर्ण रही और किसी बड़े व्यवधान की सूचना नहीं मिली। शिक्षा विभाग का दावा है कि इस बार पारदर्शिता और अनुशासन पर विशेष ध्यान दिया गया है ताकि नकल की घटनाओं पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके।
परीक्षाएं आगामी दिनों में निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार जारी रहेंगी। छात्रों और अभिभावकों की निगाहें अब आगामी विषयों पर हैं, जबकि शिक्षा विभाग पूरी व्यवस्था को सुचारु रखने में जुटा है।
Akhil Mahajan