निकाय चुनाव से पहले हरियाणा में सियासी माहौल गरमाया

हरियाणा में निकाय चुनाव से पहले सियासत तेज हो गई है। दुष्यंत चौटाला ने सरकार पर मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए 27 अप्रैल को हिसार में बड़ी बैठक बुलाने का ऐलान किया है।

निकाय चुनाव से पहले हरियाणा में सियासी माहौल गरमाया

निकाय चुनाव से पहले हरियाणा में सियासी माहौल गरमाया
दुष्यंत चौटाला ने सरकार पर मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाया
27 अप्रैल को हिसार में बड़ी बैठक, आगे की रणनीति होगी तय

हरियाणा में निकाय चुनाव नजदीक आते ही राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच दुष्यंत चौटाला ने हिसार के गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय में जेजेपी नेताओं के प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपनी मशीनरी का दुरुपयोग कर रही है, जो लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंता का विषय है।

➤ 27 अप्रैल को हिसार में शक्ति प्रदर्शन

चौटाला ने बताया कि पार्टी नेतृत्व की बैठक में निर्णय लिया गया है कि 27 अप्रैल को हिसार के क्रांतिमान पार्क में एक बड़ी बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में छात्रों से जुड़े मुद्दों और मौजूदा हालात पर चर्चा करते हुए आगे की रणनीति तय की जाएगी।

➤ छात्र संगठनों में बढ़ा आक्रोश

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों में एक विशेष राजनीतिक विचारधारा को बढ़ावा देने की कोशिश हो रही है, जिससे कई छात्र संगठनों में नाराजगी है। नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया सहित अन्य संगठनों द्वारा विरोध जताए जाने का उन्होंने जिक्र किया और इसे सामूहिक लड़ाई बताया।

➤ छात्राओं पर दबाव का आरोप

दुष्यंत चौटाला ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पिछले दो महीनों में चार छात्राओं ने आत्महत्या की है और हाल ही में एक छात्रा ने भी प्रयास किया। उनका कहना है कि विश्वविद्यालयों में दबाव का माहौल बनाया जा रहा है और जो लोग आवाज उठाते हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई होती है।

➤ पुलिस और प्रशासन पर सवाल

उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि उनकी शिकायत पर 72 घंटे बाद भी एफआईआर दर्ज नहीं की गई, जबकि उसमें जान से मारने की धमकी का जिक्र है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि हरियाणा के डीजीपी उनका फोन तक नहीं उठा रहे हैं, जिससे आम जनता के साथ व्यवहार को लेकर भी सवाल खड़े होते हैं।

➤ अदालत जाने की तैयारी

चौटाला ने साफ किया कि वह इस मामले को अदालत में लेकर जाएंगे, ताकि निष्पक्ष जांच हो सके और सच्चाई जनता के सामने आ सके। उन्होंने कहा कि वे पुलिस से नहीं डरते और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।