PNG पाइपलाइन पर 8397 करोड़ घोटाले का AAP का आरोप
हरियाणा में PNG पाइपलाइन लीज रेट कटौती को लेकर AAP ने ₹8397 करोड़ के घोटाले का आरोप लगाया, सरकार से श्वेत पत्र जारी करने की मांग।
➤ PNG पाइपलाइन लीज रेट में कटौती पर AAP का बड़ा आरोप
➤ ₹8397 करोड़ के संभावित घोटाले का दावा, सरकार पर सवाल
➤ श्वेत पत्र जारी कर डेटा सार्वजनिक करने की मांग
चंडीगढ़ में सोमवार को आम आदमी पार्टी (AAP) हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. सुशील गुप्ता ने भाजपा सरकार पर बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि PNG पाइपलाइन बिछाने के लिए लीज रेट में भारी कटौती कर राज्य को हजारों करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाया जा रहा है और इससे निजी कंपनियों को फायदा दिया जा रहा है।
डॉ. गुप्ता ने बताया कि पहले सरकार ₹3 लाख प्रति किलोमीटर प्रति वर्ष के हिसाब से लीज रेट वसूलती थी, जिसे अब घटाकर मात्र ₹1000 एकमुश्त कर दिया गया है। उन्होंने इसे 99% से अधिक की कटौती बताते हुए कहा कि यह फैसला सरकारी राजस्व के लिए बेहद नुकसानदायक है।
उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में अब तक करीब 28,000 किलोमीटर PNG पाइपलाइन बिछ चुकी है, जिसके आधार पर सरकार को पहले लगभग ₹8400 करोड़ का एडवांस राजस्व मिलता था। लेकिन नए फैसले के तहत यह राशि घटकर करीब ₹2.70 करोड़ रह जाएगी। डॉ. गुप्ता ने इसे ₹8397.30 करोड़ का संभावित घोटाला करार दिया।
AAP नेता ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह “आपदा को अवसर” बनाकर सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचा रही है और निजी कंपनियों, खासकर अडानी गैस, को फायदा पहुंचा रही है। उन्होंने कहा कि यह फैसला जनता के हित में नहीं बल्कि कुछ विशेष कंपनियों के लाभ के लिए लिया गया प्रतीत होता है।
डॉ. गुप्ता ने कई सवाल उठाते हुए कहा कि सरकारी जमीन को इतनी कम कीमत पर देने का लाभ आखिर किसे मिल रहा है और इससे आम जनता को क्या फायदा होगा। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या इस फैसले से PNG गैस के दाम कम होंगे, अगर नहीं तो यह रियायत क्यों दी गई।
उन्होंने सरकार से मांग की कि इस निर्णय से होने वाली संभावित राजस्व हानि का पूरा डेटा सार्वजनिक किया जाए और मामले में श्वेत पत्र जारी कर पारदर्शिता सुनिश्चित की जाए। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि अगर इस फैसले की उच्च स्तरीय जांच नहीं हुई, तो पार्टी जनता के साथ सड़कों पर उतरकर विरोध करेगी।
डॉ. गुप्ता ने कहा कि सरकार का यह फैसला ‘सबका साथ-सबका विकास’ नहीं बल्कि ‘चहेतों का साथ और जनता का विनाश’ है। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि इससे पहले भी कुछ फैसलों में राजस्व को नुकसान पहुंचाने के आरोप लग चुके हैं। इस दौरान पार्टी के अन्य नेता सुरेंद्र अहलावत, सुखबीर मलिक, अजय सिंगला, जसवीर जस्सा और योगेश कौशिक भी मौजूद रहे।
Akhil Mahajan