9 अक्टूबर को बड़ी सौगात,एक छत के नीचे मिलेंगी प्रशासनिक सेवाएं
इसराना में 9 अक्टूबर को CM नायब सिंह सैनी नए तहसील परिसर का हैंडओवर करेंगे। SDM, DSP, तहसीलदार, पटवारी समेत सेवाएं एक छत के नीचे मिलेंगी।
9 अक्टूबर को CM नायब सिंह सैनी करेंगे इसराना तहसील परिसर का हैंडओवर
➤ SDM, DSP, तहसीलदार, पटवारी समेत कई प्रशासनिक सेवाएं एक ही भवन में मिलेंगी
➤ पानीपत जाने की परेशानी होगी कम, लोगों का समय और आने-जाने का खर्च बचेगा
पानीपत के इसराना तहसील परिसर के लोगों का लंबे समय से चला आ रहा इंतजार अब खत्म होने जा रहा है। 9 अक्टूबर को हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी इसराना में तैयार किए गए नए तहसील परिसर को लोगों को हैंडओवर करेंगे। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को लेकर परिसर में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। अंतिम स्तर पर बचे काम को पूरा करने के लिए JCB मशीनों से काम कराया जा रहा है।
नए तहसील परिसर के शुरू होने के बाद इसराना और आसपास के क्षेत्र के लोगों को अलग-अलग सरकारी कामों के लिए इधर-उधर जाने और पानीपत शहर के चक्कर लगाने से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। क्षेत्र में ही कई प्रशासनिक सेवाएं उपलब्ध होने से छोटे-बड़े सरकारी काम कराने में लोगों का समय और खर्च दोनों बचेंगे।
एक ही छत के नीचे मिलेंगी कई प्रशासनिक सेवाएं
नए परिसर की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि कई प्रशासनिक अधिकारी और सरकारी सेवाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी। यहां SDM, DSP, SDO, तहसीलदार और पटवारी समेत संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों के बैठने की व्यवस्था होगी।
इससे स्थानीय लोगों को अपने जरूरी सरकारी कामों के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। एक ही परिसर में अधिकारियों और संबंधित सेवाओं की उपलब्धता से लोगों के लिए सरकारी काम कराने की प्रक्रिया पहले के मुकाबले आसान होने की उम्मीद है।
पहले एक काम के लिए दो से तीन घंटे तक घूमना पड़ता था
स्थानीय लोगों के मुताबिक, पहले किसी काम के लिए एक अधिकारी से मिलने के बाद दूसरे कार्यालय तक पहुंचने में काफी समय लग जाता था। कई बार लोगों को दो से तीन घंटे तक अलग-अलग जगहों पर घूमना पड़ता था।
वहीं पानीपत शहर स्थित लघु सचिवालय तक आने-जाने में लोगों का पूरा दिन निकल जाता था। इस दौरान न केवल समय बर्बाद होता था, बल्कि आने-जाने में पैसा भी खर्च होता था। नए तहसील परिसर के शुरू होने से इस परेशानी से राहत मिलने की उम्मीद है।
सरपंच बोले- लंबे समय से थी क्षेत्र की मांग
इसराना के सरपंच राजेश लाकरपाल ने नए तहसील परिसर को क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही बड़ी मांग बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, मंत्री कृष्ण लाल पंवार और स्थानीय नेताओं के प्रयासों से लोगों की यह मांग पूरी हुई है।
उनके मुताबिक, अब एक ही भवन में SDM, तहसीलदार, पटवारी समेत पूरा प्रशासन उपलब्ध रहेगा। इससे लोगों को अलग-अलग जगहों पर जाकर सरकारी काम कराने की परेशानी नहीं होगी।
ड्राइविंग लाइसेंस, डोमिसाइल और राजस्व के काम होंगे आसान
स्थानीय लोगों ने भी नए परिसर को क्षेत्र के लिए बड़ी सुविधा बताया है। उनका कहना है कि ड्राइविंग लाइसेंस, डोमिसाइल और राजस्व से जुड़े कामों के लिए पहले अलग-अलग जगहों पर जाना पड़ता था।
अब एक ही परिसर में संबंधित सुविधाएं उपलब्ध होने से लोगों को काफी राहत मिलेगी। लोगों का कहना है कि प्रशासनिक सेवाएं एक जगह मिलने से सरकारी कार्यालयों के बीच भागदौड़ कम होगी।
अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर लगाने से मिलेगी राहत
लोगों ने बताया कि पहले पटवारी एक जगह बैठते थे और किसी दूसरे अधिकारी या कार्यालय में काम होने पर दूसरी बिल्डिंग तक जाना पड़ता था। इस प्रक्रिया में लोगों का काफी समय खराब होता था।
अब एक ही छत के नीचे विभिन्न सेवाएं मिलने से सरकारी काम कराने की प्रक्रिया पहले के मुकाबले आसान होने की उम्मीद है। इससे खासकर उन लोगों को राहत मिलेगी जिन्हें एक ही काम के लिए कई अधिकारियों या कार्यालयों से संपर्क करना पड़ता है।
करीब एक साल में तैयार हुआ परिसर
स्थानीय लोगों के अनुसार, यह परियोजना करीब एक साल के भीतर तैयार की गई है। फिलहाल अंतिम स्तर के काम पूरे किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के 9 अक्टूबर को परिसर के हैंडओवर कार्यक्रम को देखते हुए तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
स्थानीय स्तर पर इस नए तहसील परिसर को क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण प्रशासनिक सौगात के तौर पर देखा जा रहा है। आसपास के गांवों के लोगों को भी इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
पानीपत के चक्कर से मिलेगी राहत
स्थानीय लोगों ने सरकार और संबंधित जनप्रतिनिधियों का आभार जताते हुए कहा कि लंबे समय से उनकी मांग थी कि प्रशासनिक सुविधाएं क्षेत्र में ही उपलब्ध हों, ताकि हर छोटे-बड़े काम के लिए पानीपत न जाना पड़े।
नए परिसर के शुरू होने के बाद आसपास के गांवों के लोगों को भी अपने प्रशासनिक काम स्थानीय स्तर पर कराने की सुविधा मिलेगी। लोगों का कहना है कि एक ही छत के नीचे प्रशासनिक सेवाएं मिलने से समय की बचत के साथ आने-जाने का खर्च भी कम होगा।
अब लोगों को 9 अक्टूबर को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा परिसर के हैंडओवर और इसके बाद प्रशासनिक सेवाओं के शुरू होने का इंतजार है। क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि नए परिसर के संचालन से लंबे समय से चली आ रही उनकी प्रशासनिक भागदौड़ की समस्या काफी हद तक दूर होगी।
Akhil Mahajan