डीपीएस पानीपत सिटी में दीवाली डैज़लिंग का रंगारंग आयोजन

डीपीएस पानीपत सिटी में दीवाली डैज़लिंग कार्यक्रम का आयोजन उत्साहपूर्वक हुआ। रामायण की झांकियाँ, नृत्य-नाटिका, टैलेंट हंट और फैशन शो ने सबका मन मोह लिया। विद्यालय ने इको-फ्रेंडली दीवाली मनाने का संदेश भी दिया।

डीपीएस पानीपत सिटी में दीवाली डैज़लिंग का रंगारंग आयोजन

डीपीएस पानीपत सिटी में दीवाली डैज़लिंग कार्यक्रम का भव्य आयोजन
रामायण की झांकियों, नृत्य-नाटिका और टैलेंट हंट ने बटोरा सबका ध्यान
विद्यालय परिसर सजा रंगीन दीयों, लाइटों और फूलों से, उत्साह से झूमे विद्यार्थी

समालखा, अशोक शर्मा


डीपीएस पानीपत सिटी में 17 अक्टूबर को “दीवाली डैज़लिंग कार्यक्रम” का आयोजन बड़े ही उत्साह और उमंग के साथ किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी विद्यार्थी, अभिभावक और स्टाफ सदस्य शामिल हुए। पूरा विद्यालय परिसर रंगीन लाइटों, दीयों, फूलों और गुब्बारों से सजा हुआ था, जिससे वातावरण में उल्लास और उत्सव का माहौल दिखाई दिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय की हेड सोनिया तोमर, मुख्याध्यापिका सरिता विज, कॉर्डिनेटर आभा विषाद और पूनम नेगी ने मुख्य अतिथियों के साथ दीप प्रज्ज्वलित कर किया। आरंभ में विद्यार्थियों द्वारा राम भक्ति से ओत-प्रोत समूह गान और नृत्य प्रस्तुतियाँ दी गईं।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रामायण पर आधारित नृत्य-नाटिका, जिसमें भगवान राम के जन्म से लेकर वनवास और अयोध्या वापसी तक की कथा को जीवंत रूप में दिखाया गया। दर्शक इस प्रस्तुति को देखकर भावविभोर हो गए।

विद्यालय परिसर में लगे फूड स्टॉल, कला, शिल्प, पेंटिंग, और दीवाली सजावट के स्टॉल्स ने आगंतुकों का मन मोह लिया। ओपन टैलेंट हंट कार्यक्रम में किड्स फैशन शो, पेरेंट्स के साथ रैंप वॉक, सोलो डांस और सिंगिंग प्रतियोगिताएँ हुईं, जिनमें विद्यार्थियों और अभिभावकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। विजेताओं को पुरस्कार और प्रशंसा पत्र प्रदान किए गए।

आगंतुकों के लिए सेल्फी प्वाइंट बनाए गए, जहाँ परिवारों ने यादगार पल कैमरे में कैद किए। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय की हेड सोनिया तोमर, मुख्याध्यापिका सरिता विज, कॉर्डिनेटर आभा विषाद और पूनम नेगी ने सभी अभिभावकों का धन्यवाद किया और विद्यार्थियों को इको-फ्रेंडली दीवाली मनाने का संदेश दिया।

विद्यालय के प्रो वाइस चेयरमैन अमित राणा ने सभी को दीपावली की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ना है।