HPGCL घोटाले में बड़ा एक्शन, CFO अमित दीवान बर्खास्त, जांच सीबीआई को सौंपी
HPGCL बैंक घोटाले में 50 करोड़ के फर्जी लेनदेन के आरोपों पर CFO अमित दीवान को बर्खास्त किया गया। CM नायब सैनी के निर्देश पर जांच CBI को सौंपी गई।
➤ HPGCL बैंक घोटाले में बड़ा एक्शन, CFO अमित दीवान बर्खास्त
➤ 50 करोड़ के फर्जी लेनदेन और वित्तीय अनियमितताओं का मामला
➤ CM नायब सैनी के निर्देश पर कार्रवाई, जांच CBI को सौंपी गई
चंडीगढ़ में हरियाणा के बिजली क्षेत्र से जुड़े बहुचर्चित HPGCL बैंक घोटाले में बड़ा प्रशासनिक एक्शन सामने आया है। मुख्यमंत्री नायब सैनी के निर्देश पर उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) ने अपने चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) अमित दीवान को तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त कर दिया है। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है और पूरे मामले की गंभीरता एक बार फिर उजागर हो गई है।
जारी किए गए ऑफिस ऑर्डर के अनुसार, यह सख्त कदम हरियाणा पावर जनरेशन कॉरपोरेशन लिमिटेड (HPGCL) के खातों में सामने आई कथित वित्तीय अनियमितताओं के चलते उठाया गया है। जांच में करीब 50 करोड़ रुपये के फर्जी लेनदेन और सरकारी धन की हेराफेरी के संकेत मिले हैं, जिसने प्रशासन को तुरंत कार्रवाई के लिए मजबूर कर दिया।
इस पूरे मामले की शुरुआती जांच राज्य विजिलेंस एवं एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा की गई थी। जांच के दौरान कई अहम तथ्य सामने आए, जिसके बाद केस को आगे की विस्तृत जांच के लिए CBI को सौंप दिया गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं और कई अन्य अधिकारी भी जांच के दायरे में आ सकते हैं।
सूत्रों के मुताबिक, यह घोटाला लंबे समय से चल रहा था और इसमें बैंकिंग लेनदेन के जरिए सरकारी फंड के दुरुपयोग की आशंका जताई जा रही है। सरकार इस मामले को लेकर पूरी तरह सख्त नजर आ रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं।
यह भी सामने आया है कि यह मामला पावर डिपार्टमेंट, जो मंत्री अनिल विज के अधीन आता है, से जुड़ा हुआ है। ऐसे में इस कार्रवाई के राजनीतिक और प्रशासनिक असर भी देखने को मिल सकते हैं। सरकार का स्पष्ट संदेश है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जाएगी और किसी भी स्तर पर लापरवाही या गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
Akhil Mahajan