हिसार विवाद में हाईकोर्ट सख्त, पुलिस अधिकारियों को नोटिस जारी
हिसार विवाद में हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। जेजेपी कार्यकर्ताओं के घर में घुसने और धमकाने के आरोपों पर सुनवाई जारी है।
➤ हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारियों को जारी किए नए नोटिस
➤ JJP कार्यकर्ताओं के घर में घुसने और धमकाने के गंभीर आरोप
➤ दुष्यंत चौटाला केस में अगली सुनवाई 7 मई को तय
चंडीगढ़ में हरियाणा के चर्चित पूर्व डिप्टी सीएम-CIA इंचार्ज विवाद मामले में पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए पुलिस अधिकारियों को नए नोटिस जारी किए हैं। 16-17 अप्रैल की रात हिसार में जेजेपी कार्यकर्ताओं के घरों में कथित तौर पर घुसकर दहशत फैलाने के आरोपों को लेकर दायर दो नई याचिकाओं पर कोर्ट ने तुरंत सुनवाई की और प्रतिवादियों को जवाब देने के निर्देश दिए हैं।
याचिकाओं में हरियाणा के डीजीपी, हिसार के एसपी, डीएसपी और CIA इंचार्ज समेत कई पुलिस कर्मियों को पक्षकार बनाया गया है। कोर्ट ने गौरव सैणी की पत्नी की याचिका पर अगली सुनवाई 20 मई और विजेंद्र धानक की बेटी की याचिका पर 27 मई की तारीख तय की है।
पहली याचिका में आरोप लगाया गया है कि रात करीब 4 बजे पुलिस जबरन घर में घुसी और परिवार को हथियार दिखाकर डराया-धमकाया। याचिका में यह भी कहा गया कि सादे कपड़ों में आए लोगों ने महिलाओं के साथ अपमानजनक व्यवहार किया और बच्चों को भी डराया गया। परिवार के 10 वर्षीय बच्चे पर इस घटना का गहरा असर बताया गया है।
दूसरी ओर, आरोप है कि पुलिसकर्मी घर से सीसीटीवी का DVR भी अपने साथ ले गए, जिसमें पूरी घटना की रिकॉर्डिंग मौजूद थी। शिकायत के बावजूद अब तक एफआईआर दर्ज न होने पर भी सवाल उठाए गए हैं।
दूसरी याचिका में विजेंद्र धानक की बेटी ने दावा किया कि देर रात पुलिसकर्मी बच्चों के कमरे तक पहुंच गए और सोते हुए बच्चों के बीच से DVR निकाल लिया। इस दौरान बच्चियों के सामने उनके पिता को हथियार दिखाकर धमकाया गया और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया।
दोनों याचिकाओं में कोर्ट से मांग की गई है कि मामले में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। हाईकोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सभी पक्षों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
इसी बीच, पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला से जुड़े अलग मामले में भी हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। हिसार में CIA इंचार्ज के साथ हुए विवाद को लेकर दायर याचिका पर पुलिस की ओर से जवाब दाखिल किया गया है और अब अगली सुनवाई 7 मई को होगी।
दुष्यंत चौटाला ने अपनी याचिका में मामले की जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी से कराने, आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की मांग की है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके और समर्थकों के खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज कर दबाव बनाने की कोशिश की।
पूरे विवाद की जड़ 15 अप्रैल को GJU (गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी) में हुए घटनाक्रम से जुड़ी बताई जा रही है, जहां छात्र संगठन के कार्यक्रम को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद पुलिस कार्रवाई और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप ने मामले को और गंभीर बना दिया।
इस पूरे घटनाक्रम ने हरियाणा की राजनीति और कानून-व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सबकी नजर हाईकोर्ट की अगली सुनवाई और पुलिस के जवाब पर टिकी हुई है।
Akhil Mahajan