हिसार में लिव-इन में रह रहे युवक-युवती की मौत, पहले युवक ने तोड़ा दम; अग्रोहा में महिला की भी मौत
हिसार में लिव-इन में रह रहे युवक-युवती की मौत हो गई। युवक HAU में सिक्योरिटी गार्ड था। पुलिस दोनों की मौत की परिस्थितियों की जांच कर रही है।
➤ नहर किनारे युवक-युवती की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में दोनों की मौत
➤ मृतक युवक HAU में सिक्योरिटी गार्ड था, महिला पहले से शादीशुदा थी
➤ दोनों करीब छह महीने से साथ रह रहे थे, मौत की वजह तलाश रही पुलिस
हिसार में लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे युवक-युवती की मौत का मामला सामने आया है। आजाद नगर क्षेत्र के पास बालसमंद ब्रांच नहर के नजदीक बुधवार शाम दोनों की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया। उपचार के दौरान किरमारा निवासी सचिन (30) की मौत हो गई, जबकि गंभीर हालत में महिला मनीषा (32) को अग्रोहा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। गुरुवार सुबह इलाज के दौरान मनीषा ने भी दम तोड़ दिया। घटना के बाद पुलिस ने दोनों के शव कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, बुधवार शाम करीब साढ़े पांच बजे नहर के पास दोनों की तबीयत बिगड़ने की सूचना राहगीरों से मिली थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, दोनों ने किसी विषाक्त पदार्थ का सेवन किया था। हालांकि, उन्होंने ऐसा कदम क्यों उठाया, इसके पीछे की वास्तविक वजह अभी सामने नहीं आई है।
HAU में सिक्योरिटी गार्ड था सचिन
मृतक सचिन हिसार के हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU) में सिक्योरिटी गार्ड के तौर पर काम करता था। वह मूल रूप से हिसार के किरमारा गांव का रहने वाला था और करीब एक साल पहले दिल्ली में प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए गया था।
परिजनों के अनुसार, इसी दौरान उसकी मुलाकात रोहतक निवासी मनीषा से हुई थी। दोनों के बीच परिचय बढ़ने के बाद वे हिसार आ गए और करीब छह महीने से साथ रह रहे थे।
सचिन के भाई प्रवीण ने पुलिस को बताया कि इस दौरान परिवार का सचिन से ज्यादा संपर्क नहीं था। बुधवार को आजाद नगर थाना पुलिस की ओर से सूचना मिलने के बाद परिवार के लोग अस्पताल पहुंचे।
महिला पहले से शादीशुदा थी
पुलिस के अनुसार, मनीषा रोहतक की रहने वाली थी और पहले से शादीशुदा थी। उसका करीब 10 साल का बेटा भी है। उसका पति सेना में कार्यरत बताया गया है।
परिजनों से मिली जानकारी के मुताबिक, सचिन और मनीषा करीब छह महीने से हिसार में साथ रह रहे थे। दोनों के इस रिश्ते की जानकारी और उससे जुड़े पारिवारिक पहलुओं को भी पुलिस जांच का हिस्सा बना रही है।
पहले सचिन की मौत, फिर मनीषा ने भी दम तोड़ा
घटना के बाद दोनों को पहले एक निजी अस्पताल ले जाया गया था। वहां प्राथमिक उपचार के बाद सचिन और मनीषा को हिसार के नागरिक अस्पताल भेजा गया।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही सचिन की हालत बेहद गंभीर हो चुकी थी और उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। मनीषा की स्थिति भी गंभीर बनी हुई थी, इसलिए उसे आगे के उपचार के लिए अग्रोहा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। गुरुवार सुबह उपचार के दौरान उसकी भी मौत हो गई।
दोनों की मौत के बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।
मौत की वजह अभी साफ नहीं
इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि दोनों ने यह कदम क्यों उठाया। पुलिस अभी तक किसी एक कारण को मौत की वजह नहीं मान रही है।
पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर रही है और घटना से जुड़े परिस्थितिजन्य तथ्यों की जांच की जा रही है। दोनों के आपसी संबंध, पारिवारिक परिस्थितियां और घटना से पहले की गतिविधियों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
फिलहाल पुलिस जांच पूरी नहीं हुई है, इसलिए मौत के पीछे किसी निश्चित कारण का दावा करना जल्दबाजी होगी। जांच और पोस्टमॉर्टम से सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
एक ही घटना में दो लोगों की मौत से दोनों परिवारों में शोक का माहौल है। सचिन के परिवार को उसके अचानक चले जाने का गहरा सदमा लगा है, वहीं मनीषा की मौत के बाद उसके परिवार के सामने भी मुश्किल स्थिति पैदा हो गई है।
पुलिस पूरे मामले को सभी पहलुओं से देख रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि दोनों की मौत के पीछे वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं।
Akhil Mahajan