बाॅक्सिंग खिलाड़ियों के भविष्य के साथ खिलवाड़।। बाॅक्सिंग रिंग के चारों ओर खुदवा दी नींव

खेल पानीपत
पानीपत, 3 अगस्त।   
 
पानीपत के शिवाजी स्टेडियम में बाॅक्सिंग खिलाड़ियों के भविष्य के साथ जमकर खिलवाड़ किया जा रहा है। इसका कारण पंचायती राज विभाग द्वारा स्टेडियम में मौजूद बाॅक्सिंग रिंग के चारों ओर हाॅल के निर्माण के लिए नींव खुदवा दिया जाना है। इससे यहां हर रोज करीब 200 खिलाडियों को प्रेक्टिस करने में खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ध्यान देने योग्य बात ये है कि जल्द ही यहां स्टेट लेवल की बाॅक्सिंग प्रतियोगिता होने वाली है। ऐसे खिलाड़ियों और कोचों के समक्ष प्रेक्टिस पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। हालांकि इस बारे में 
पानीपत के शिवाजी स्टेडियम में बाॅक्सिंग खिलाड़ियों के भविष्य के साथ जमकर खिलवाड़ किया जा रहा है

खिलाड़ी और उनके परिजन इस संबंध में वार्ड-19 के निवर्तमान पार्षद एवं भाजपा के प्रदेश महासचिव लोकेश नागरू के साथ एडीसी सुजान सिंह से मिले। उन्होंने एडीसी से हाॅल का निर्माण रूकवाए जाने की मांग की। इसके बाद एसडीसी द्वारा  पंचायती  राज के एक्सईएन से बात कर शेड का निर्माण रूकवाने का दावा किया।

 बता दें कि इस समय शिवाजी स्टेडियम में करीब 200 खिलाड़ी बॉक्सिंग की प्रेक्टिस करने के लिए आते हैं। कोच सुनील कुमार ने बताया कि बॉक्सिंग रिंग के चारों ओर हाॅल का शेड बनाए जाने पर खिलाड़ियों के अभिभावक विरोध में उतर गए हैं। एडीसी ने उन्हें आश्वासन दिया है कि बॉक्सिंग यहां बाॅक्सिंग रिंग का बड़ा शेड बनवाया जाएगा। जल्द ही इसके लिए एस्टीमेट बनाया जाएगा। उन्होंने इस बारे में खेल मंत्री अनिल विज से से भी बात की है। एसीसी से मिलने वालों में काफी संख्या में अभिभावक और निवर्तमान पार्षद लाकेश नागरू मौजूद थे।
कोच सुनील ने बताया कि स्टेडियम में 25 बाई 25 फीट का बॉक्सिंग रिंग है। इसके पास अब करीब 8 लाख की लागत से एक शेड बनाया जा रहा है। इसके लिए रिंग के चैतरफा नींव भी खोद दी गई है। इससे खिलाड़ियों को प्रेक्टिस करने में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना है कि यहां कम से कम 117 बाई 50 फीट के शेड की जरूरत है। तभी खिलाड़ी ठीक प्रकार से प्रेक्टिस कर सकेंगे। उनका कहना है कि शेड के ना बनवाने की हालत में रिंग को स्टेडियम के मल्टीपर्पज हाॅल में शिफ्ट किया जा सकता है।
 
करीब 20  खिलाड़ी जीत चुके हैं प्रदेश स्तर पर मेडल 
 

बताया जाता है कि स्टेडियम के डीएसओ और कोच की आपसी अनबन का खामियाजा खिलाड़ियों को भुगतना पड़ रहा है। जल्द ही यहां बाॅक्सिंग की स्टेट लेवल की प्रतियोगिता का आयोजन होने वाला है। अगर जल्द ही समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो इसका असर प्रतियोगिता पर पड़ सकता है। बताया जाता है कि यहां के करीब 20 खिलाड़ी प्रदेश स्तर पर मेडल प्राप्त कर चुके हैं। अभिभावकों का कहना है कि सरकार को खिलाड़ियों के भविष्य को देखते हुए यहां एक ऐसा बाॅक्सिंग रिंग का निर्माण कराया जाए, जो प्रदेश में एक मिसाल बने।

 

BY 
नवीन कुमार, मनोज कुमार
सिटी तहलका

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *